कर्नाटक: चित्रदुर्ग में भीषण सड़क हादसा, आग का गोला बनी स्लीपर बस

NH-48 पर लॉरी–बस की आमने-सामने टक्कर, 10 से अधिक यात्रियों की जिंदा जलकर मौत, 22 गंभीर घायल

The Barmer Info | कर्नाटक ब्यूरो

चित्रदुर्ग:
कर्नाटक के चित्रदुर्ग जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग NH-48 पर गुरुवार को एक भीषण सड़क हादसा हो गया। हिरियूर के पास बेंगलुरु से शिवमोग्गा जा रही एक निजी स्लीपर बस की सामने से आ रही लॉरी से जोरदार टक्कर हो गई। टक्कर के बाद बस में अचानक आग लग गई और कुछ ही मिनटों में पूरी बस आग का गोला बन गई।

इस दर्दनाक हादसे में 10 से अधिक यात्रियों की जिंदा जलकर मौत हो गई, जबकि 22 यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे से इलाके में हड़कंप मच गया और हाईवे पर लंबा जाम लग गया।

बस में सवार थे 32 यात्री

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, हादसे के समय बस में कुल 32 यात्री सवार थे। टक्कर के बाद आग इतनी तेजी से फैली कि कई यात्री बस से बाहर नहीं निकल पाए और अंदर ही फंस गए। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आग और धुएं के कारण यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई।

लॉरी चालक की लापरवाही से हुआ हादसा

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हिरियूर से बेंगलुरु की ओर जा रही लॉरी के चालक ने लापरवाही से डिवाइडर पार किया, जिससे सामने से आ रही स्लीपर बस से सीधी टक्कर हो गई। पुलिस ने लॉरी चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

घायलों का इलाज जारी

हादसे में घायल यात्रियों को तुरंत हिरियूर और चित्रदुर्ग के सरकारी व निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के मुताबिक, कई घायलों की हालत गंभीर बनी हुई है और उन्हें आईसीयू में रखा गया है।

हादसे का वीडियो आया सामने

हादसे के बाद का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें बस को धूं-धूं कर जलते हुए देखा जा सकता है। वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और हादसे की भयावहता को दर्शा रहा है।

राहत एवं बचाव कार्य

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और उनके परिजनों को सूचना दी जा रही है।

प्रशासन की प्रतिक्रिया

जिला प्रशासन ने हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया है। अधिकारियों ने कहा है कि मामले की विस्तृत जांच के आदेश दे दिए गए हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही घायलों के इलाज में किसी प्रकार की कमी न आने के निर्देश दिए गए हैं।

सड़क सुरक्षा पर उठे सवाल

इस हादसे ने एक बार फिर राष्ट्रीय राजमार्गों पर भारी वाहनों की लापरवाही और सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों ने NH-48 पर सुरक्षा उपाय बढ़ाने और सख्त निगरानी की मांग की है।